. गन्ने की पताई जलाने के दौरान उठी आग की छोटी सी चिंगारी ने बहेड़ी के कई किसानों के गेहूँ को चपेट में ले लिया.

न्यूज लाइव सवाददाता यशपाल दिवाकर:–
बरेली. गन्ने की पताई जलाने के दौरान उठी आग की छोटी सी चिंगारी ने बहेड़ी के कई किसानों के गेहूँ को चपेट में ले लिया. पल भर में 75 वीघा गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई. आग का खौफनाक मंजर देख कई किसान सर पकड़ जमीन पर बैठ गए.
किसी के घर शादी तो किसी को गेंहू बेंच बच्चे की फीस जमा जो करनी थी. गाँव के लोगों ने गन्ने की पताई जलने वाले को पकड़ लिया और उससे नुक्सान की भरपाई की तैयारी की जा रही है. आग लगने की सूचना पर तहसील प्रशासन में हडकंप मच गया. आननफानन में हल्का लेखपाल जय प्रकाश ने मौके पर पहुँच किसानों से बात की. लेखपाल ने अपनी रिपोर्ट बना तहसीलदार को सौंप दी है.
जानिये कहाँ का है मामला
बहेड़ी तहसील के आमडंडा परगना के नजरगंज निवासी वनवारीलाल सोमवार को अपने गन्ने के खेत में पताई जला रहे थे. इसी दौरान आग की एक चिंगारी पड़ोस के गेहूँ के खेत में जा पहुँची और देखते ही देखते आग ने गेहूँ को अपने आगोश में ले लिया. किसानों ने आग बुझाने के लिए काफी हाथ-पैर मारे. लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका.
जानिये किसके जले गेहूँ
हरीराम, सुरेश, मंगलसेन, मिढ़ई, कपिल, पवन, मनोहर, बुद्धि, रेवालाल समेत करीब 75 वीघा फसल जलकर खाक हो गई. फसल का अनुमानित नुक्सान पौने पांच लाख रुपया बताया जा रहा है. बताया जाता है कि इन किसानों को तहसील प्रशासन की तरफ भी मुआवजा मिलना संभव नहीं है. तहसील प्रशासन द्वारा दैवीय आपदा आने पर किसानो को मुआवजा दिया जाता है

